January 29, 2026

भोले बाबा अस्सलाम वालेकुम; सावन में मुस्लिम गायक ने महादेव पर गाया गीत, सोशल मीडिया पर हुआ जमकर वायरल

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सावन के महीने में हमें यूट्यूब पर कई सारे नए भजन और गीत सुनने को मिलते हैं जो महादेव के होते हैं। भक्ति गीत गाने वाले कई सारे गायक एक से एक सुंदर और अच्छे भजन एवं गीत का वीडियो बनाकर यूट्यूब पर पोस्ट करते हैं। इसमें सबसे ज्यादा भोजपुरी गायक के गीत निकलते हैं। आप अगर यूट्यूब पर एक्टिव रहते हैं तो फिर आप भी ऐसे गीत सुनते ही होंगे। अभी सावन का महीना चल रहा है और इन सभी के बीच में एक मुस्लमान गायक जिसने भोले बाबा पर गीत गाया है, उसका वीडियो खूब छाया हुआ है। यूट्यूब पर तो जमकर व्यूज मिल ही रहे हैं, इसके अलावा सोशल मीडिया के दूसरे प्लेटफॉर्म पर लोग शॉर्ट वीडियो भी बना रहे हैं।

भोले बाबा अस्सलाम वालेकुम गीत हुआ वायरल
हम जिस गीत की बात कर रहे हैं, उसकी शुरुआत कुछ ऐसे होती है कि कुछ कांवड़िए कांवड़ लेने जा रहे हैं और रास्ते में एक मुस्लिम शख्स उन्हें पानी पिला रहा है। उसकी श्रद्धा देख एक कांवड़िया उसे देवघर चलने के लिए कहता है। पहले तो मुस्लिम शख्स रहमान मना कर देता है मगर फिर मान जाता है। इस दौरान वही शख्स उसे बाबा पर कोई भजन सुनाने के लिए कहता है। इसके बाद वो मुस्लिम गायक जिसका नाम ‘आलम राज’ है वो अपना गीत ‘भोले बाबा अस्सलाम वालेकुम’ गाना शुरू करता है। इस गीत के वीडियो में लोगों के लिए एक संदेश भी दिया गया है। वीडियो में दिखता है कि पंडित जी पुलिस वाले को टोकते हुए कहते हैं, ‘क्या हुआ, किस बात का दंगा किया है। बाबा के दरबार में सब कांवड़िए ही हैं न। हिंदू हो, मुसलमान हो, सिख हो, ईसाई हो, सभी को जल चढ़ाने दीजिए, भोला का दरबार है।’

यहां देखें वह वायरल गीत

गायक ने क्यों गाया यह गीत?
आपने अभी जिस गीत का वीडियो देखा, वो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। लोग इसके क्लिप को पोस्ट कर रहे हैं। कुछ लोग लिप्सिंग करते हुए इसका वीडियो भी बना रहे हैं। वहीं इस गायक आलम राज ने NMF न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में यह भी बताया कि उसने यह गीत क्यों गाया है। आलम राज ने कहा, ‘हम हिंदू-मुस्लिम नहीं बल्कि इंसान हैं। इंसानियत ही मेरा मजहब और धर्म है। यहां आकर लोग हिंदू-मुस्लिम बनते हैं, भगवान ने तो सभी को इंसान ही पैदा किया है। हम सभी धर्म के लोगों से मिलजुल कर रहते हैं।’ उन्होंने आगे कहा, ‘मैं गुरुद्वारा, चर्च, मस्जिद और मंदिर, सब जगह जाता हूं। अभी मैंने जो गाना गाया है उसमें सिर्फ एक ही शब्द है ‘अस्सलाम वालेकुम’ है और लोगों को सिर्फ इससे दिक्कत है। मैं जब धर्म और जाति को जोड़ने की बात करता हूं तो लोगों को मिर्ची लग जाती है।’ उन्होंने यह भी बताया कि वो ऐसे गाने पैसे के लिए नहीं बल्कि अपनी भक्ति के कारण गाते हैं।

लोगों ने गीत सुनकर क्या कहा?
इस भजन को सुनने के बाद कई सारे लोगों ने अपना रिएक्शन दिया है। एक यूजर ने लिखा- जियो मुसलमान भाई। दूसरे यूजर ने लिखा- चलो किसी ने तो एकता का भाव प्रकट किया है। तीसरे यूजर ने लिखा- बहुत ही अच्छा गाना है, इसमें कोई जाति विवाद नहीं होना चाहिए। चौथे यूजर ने लिखा- बहुत ही अच्छा गाना है, सुनने में अच्छा लगा। आपको बता दें कि इससे पहले भी इस गायक ने मुज़फ्फरनगर की फ़रमानी नाज़ ने भी भोले बाबा पर भजन गाया था और वो भी निशाने पर आ गयी थी जैसे कुछ लोग इस गाने को लेकर टार्गेट कर रहे हैं।

नोट: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। जनरपट किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।

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