बीजापुर के डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके सस्पेंड : महिला आरक्षक के दुष्कर्म, गर्भपात और आर्थिक शोषण के आरोपों के बाद शासन की बड़ी कार्रवाई
बीजापुर। छत्तीसगढ़ शासन ने बीजापुर के डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके को सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई एक महिला आरक्षक द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों की जांच के बाद की गई। पीड़िता ने आरोपी अधिकारी पर दुष्कर्म, गर्भपात कराने और आर्थिक शोषण करने के आरोप लगाए हैं।
बालोद के डौंडी थाने में दर्ज है मामला
इस मामले में बालोद जिले के डौंडी थाने में अपराध दर्ज है। पुलिस प्रकरण दर्ज होने के बाद मामले की जांच कर रही है। आरोपों की गंभीरता को देखते हुए शासन स्तर पर भी मामले को संज्ञान में लिया गया।
मुख्य सचिव को दिए थे प्रमाण सहित आवेदन
पीड़िता ने मुख्य सचिव को 12 बिंदुओं का विस्तृत आवेदन देकर शिकायत की थी। आवेदन के साथ कथित प्रमाण भी प्रस्तुत किए गए थे। शिकायत में आरोपी अधिकारी को संरक्षण दिए जाने के आरोप भी लगाए गए थे।
गर्भपात और आर्थिक शोषण के आरोप
महिला आरक्षक का आरोप है कि आरोपी अधिकारी ने उसके साथ दुष्कर्म किया, गर्भपात कराने के लिए दबाव बनाया और आर्थिक रूप से भी शोषण किया।
जांच के बाद शासन ने लिया बड़ा निर्णय
शासन ने प्राथमिक जांच के बाद आरोपों को गंभीर मानते हुए डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके को निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई प्रशासनिक निष्पक्षता और जांच प्रक्रिया को प्रभावित होने से बचाने के उद्देश्य से की गई बताई जा रही है। मामले की जांच जारी है और आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी।
