AK 47 लेकर खुद थाने पहुंचा, 8 लाख का था इनामी, कांकेर में एक्टिव नक्सली दारसु शोरी ने किया सरेंडर
कांकेर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर जिले में सुरक्षाबल के जवानों को बड़ी सफलता मिली है। जवानों के सामने एक एक्टिव नक्सली ने सरेंडर कर दिया। नक्सली AK-47 लेकर खुद सरेंडर करने के लिए थाने पहुंचा था। बस्तर में सशस्त्र नक्सलवाद के खात्मे के बाद कांकेर जिले में कुछ नक्सली अभी भी एक्टिव हैं। जवानों ने इनसे सरेंडर करने की अपील की है।
8 लाख रुपये का था इनाम
कांकेर पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा ने बताया कि विगत दिनों में लगातार माओवादी कैडरों ने हिंसा का मार्ग त्यागकर मुख्यधारा में शामिल होने का निर्णय लिया है। इसी कड़ी में सोमवार को एक नक्सली ने जवानों के सामने सरेंडर कर दिया है। सरेंडर करने वाले नक्सली की पहचान दारसु शोरी के रूप में हुई है। उसके सिर पर 8 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
कई नक्सली घटनाओं में रहा शामिल
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि दारसु शोरी कांकेर में PPCM का मेंबर था और लंबे समय से उसकी तलाश की जा रही थी। नक्सली संगठन समाप्त होने के बाद वह अकेला रह गया था और सुरक्षाबल के जवानों के सामने उसने अपने हथियार रख दिए और मुख्यधारा में शामिल होने का फैसला किया। उसके खिलाफ कई थानों में मामले दर्ज है। वह कई नक्सली घटनाओं में भी शामिल था।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि PPCM दारसु शोरी से एक्टिव नक्सलियों के बारे में जानकारी ली जा रही है। प्राप्त जानकारी के आधार पर इलाके में सक्रिय अन्य माओवादी कैडरों से संपर्क स्थापित कर उन्हें भी मुख्यधारा में शामिल कराने के प्रयास किया जा रहा है।
फैसले का स्वागत है
बस्तर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक सुन्दरराज पट्टलिंगम ने कहा कि विगत दिनों में मुख्यधारा में शामिल होने के लिए आगे आए सभी माओवादी कैडरों के निर्णय का स्वागत करते हैं। एक बार फिर शेष बचे कुछ माओवादी कैडरों से हिंसा त्यागकर मुख्यधारा में शामिल होने की अपील की जाती है। उन्होंने यह स्पष्ट किया है कि जो हिंसा का मार्ग छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होना चाहते हैं, उनके लिए पुनर्वास का द्वार खुला है। लेकिन जो हिंसा का रास्ता चुनेंगे, उन्हें उचित और कड़ा जवाब दिया जाएगा।
