January 25, 2026

CG : सेक्स टॉय, इंजेक्शन-वियाग्रा और गांजा के साथ पकड़ाया पाखंडी बाबा, योग के नाम पर देह व्यापार की आशंका

BABA DDDD

राजनांदगाव। छत्तीसगढ़ की धार्मिक नगरी डोंगरगढ़ में एक फर्जी बाबा के आश्रम से अय्याशी और नशे का भंडाफोड़ (CG Sex Racket Exposed) हुआ है। प्रज्ञागिरी पहाड़ी के पास बने फार्महाउसनुमा आश्रम (CG Fake Baba Ashram Exposed) में योग सिखाने के नाम पर युवाओं को निशाना बनाया जा रहा था।

आरोपी तरुण अग्रवाल उर्फ सोनू उर्फ जटाधारी बाबा (Tarun Agarwal alias Sonu alias Jatadhari Baba) को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। रेड के दौरान पुलिस को 2 किलो गांजा, सेक्स टॉय, वियाग्रा, नशीली गोलियां, इंजेक्शन और विदेश से मंगाए गए संदिग्ध बॉक्स भी मिले हैं।

गोवा से डोंगरगढ़ तक फैला था नेटवर्क
आरोपी तरुण पिछले 20 साल से गोवा में था, जहां उसने विदेशी पर्यटकों को योग सिखाने की आड़ में एक संदिग्ध नेटवर्क खड़ा किया। वहां की संपत्तियों और विदेशी संपर्कों के बाद अब वह डोंगरगढ़ में ‘गोवा जैसा योगाश्रम’ (CG Fake Baba Ashram) खड़ा करने की कोशिश में था। डेढ़ साल पहले उसने 6 करोड़ की जमीन खरीदी और फॉर्महाउस को आश्रम का नाम दिया। रात के समय यहां नशे की महफिलें और संदिग्ध गतिविधियां होती थीं।

पुलिस को लंबे समय से था शक
स्थानीय लोगों की शिकायत और पुलिस की पेट्रोलिंग के दौरान संदिग्ध गतिविधियां देखने के बाद 24 जून को पुलिस ने आश्रम पर छापा मारा। जांच में पता चला कि आरोपी युवाओं को निशाना बनाकर उन्हें नशे की लत लगाता और रात के समय अय्याशी का आयोजन (CG Sex Racket) करता था।

तरुण अग्रवाल ने खुद को अंतरराष्ट्रीय योगगुरु बताया और 100 देशों की यात्रा का दावा किया। उसके पास विभिन्न देशों के योग सर्टिफिकेट और एनजीओ के डायरेक्टरशिप के दस्तावेज भी मिले हैं। पुलिस अब उसके सोशल नेटवर्क, पासपोर्ट और बैंक खातों की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस मामले को गंभीरता से कई एंगल की जांच कर रही है, इसमें देह व्यापार की आशंका भी जताई जा रही है।

शहर के प्रतिष्ठित सेठ परिवार से है आरोपी का संबंध
तरुण अग्रवाल डोंगरगढ़ के सेठ परिवार से ताल्लुक रखता है। उसके बड़े भाई समाज के प्रमुख पदों पर रह चुके हैं। आरोपी द्वारा बनाया गया आश्रम “सेठ श्री बालकिशन प्रसाद अग्रवाल मेमोरियल फाउंडेशन” के नाम से पंजीकृत है।

जांच के घेरे में विदेशी संपर्क और वीडियो उपकरण
पुलिस और साइबर सेल ने आश्रम से बरामद विदेशी बॉक्स और वीडियो उपकरणों की जांच शुरू कर दी है। मामले में देह व्यापार, विदेशी फंडिंग और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे कोणों से भी जांच की जा रही है। आश्रम को सील कर दिया गया है और आरोपी न्यायिक हिरासत में है।

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