सरकारी गेस्ट हाउस में 1 करोड़ 84 लाख 84 हजार रुपये की नकदी मिली, पैसा कहां से आया, जांच में जुटी पुलिस
धुले। महाराष्ट्र के धुले जिले में सरकारी गेस्ट हाउस में बुधवार रात को एक करोड़ रुपये से अधिक की नकदी मिली। पूर्व विधायक अनिल गोटे ने राज्य विधानमंडल आकलन समिति के सदस्यों पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है।
दरअसल, धुले जिले में विकास कार्यों का निरीक्षण करने के लिए 11 विधायकों के प्रतिनिधिमंडल के साथ एक आकलन समिति यहां पहुंच थी. इसके लिए धुले शहर के गुलमोहर गेस्ट हाउस में जालना विधानसभा क्षेत्र के विधायक अर्जुन खोतकर के निजी सहायक किशोर पाटिल के नाम पर पिछले 4 से 5 दिनों से एक कमरा बुक किया गया था. बाद में सरकारी गेस्ट हाउस के इस कमरे में 1 करोड़ 84 लाख 84 हजार 200 रुपये की नकदी मिली।

पूर्व विधायक अनिल गोटे ने आरोप लगाया कि आकलन समिति के अध्यक्ष विधायक अर्जुन खोतकर के निजी सहायक ने पैसे वसूले. उन्होंने कहा कि नंदुरबार जिले से अनुमान समिति धुले जिले में विकास कार्यों का निरीक्षण करने के लिए यहां पहुंची थी. इस समिति के लिए धुले शहर के गुलमोहर गेस्ट हाउस में एक कमरा बुक किया गया था. यह कमरा जालना विधानसभा क्षेत्र के विधायक अर्जुन खोतकर के निजी सहायक किशोर पाटिल के नाम पर बुक किया गया था.
उन्होंने कहा कि आकलन समिति के प्रतिनिधिमंडल के वहां पहुंचने के बाद जिले के विकास कार्यों में गड़बड़ियां पाई गईं. अनिल गोटे ने गंभीर आरोप लगाया कि कई सरकारी दफ्तरों से करोड़ों रुपये गुलमोहर सरकारी गेस्ट हाउस में ट्रांसफर किए गए हैं. इसको देखते हुए उनके कार्यकर्ताओं ने दोपहर से ही गेस्ट हाउस पर पहरा लगा दिया था. उन्होंने इस संबंध में धुले जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारियों से भी संपर्क किया।
5 घंटे तक बंद कमरे के बाहर बैठे रहे अनिल गोटे
अनिल गोटे ने मीडिया से बात करते हुए यह भी कहा कि एक भी अधिकारी ने इस जगह का दौरा नहीं किया. अनिल गोटे खुद 5 घंटे तक बंद कमरे के बाहर बैठे रहे. उन्होंने आरोप लगाया कि इस जगह पर सरकारी दफ्तर से करोड़ों रुपये आए हैं. इसके बाद देर रात जिला प्रशासन और पुलिस ने सरकारी रेस्ट हाउस के कमरा नंबर 102 का ताला तोड़कर आखिरकार उसकी जांच की. कमरे में 1 करोड़ 84 लाख 84 हजार 200 रुपये की नकदी मिली।
रात भर सरकारी विश्रामगृह के बाहर नागरिकों और शिवसेना कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ रही. पुलिस अब जांच कर रही है कि आखिर इतना पैसा कहां से आया और किसने दिया.
जिला प्रशासन के अनुसार समिति के अध्यक्ष विधायक अर्जुन खोतकर, समिति के सदस्य विधायक काशीराम पावरा, दिलीप बोरसे, मंदा म्हात्रे, मनीषा चौधरी, किशोर पाटिल, किरण सामंत, शेखर निकम, कैलास पाटिल, सदाशिव खोत, राजेश राठौड़ और विधानसभा के अतिरिक्त सचिव (समिति) दामोदर गायकर सहित 11 अन्य लोग मौजूद हैं।
