January 23, 2026

किसानों की बल्ले-बल्ले, इस बार इतने हजार रुपये क्विंटल होगी गेहूं की खरीदी, सरकार ने जारी की खरीद नीति

MP-GENHU

भोपाल। मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की मोहन यादव सरकार ( Mohan Yadav Government) ने शनिवार को गेहूं खरीदी की सरकारी नीति जारी की. इस दौरान सरकार ने बताया कि समर्थन मूल्य पर 15 मार्च से 5 मई तक गेहूं खरीदी की जाएगी. किसानों को अपना अनाज बेचने के लिए ऑनलाइन स्लॉट बुकिंग करनी होगी. यह सुविधा www.meuparjan.nic.in पर उपलब्ध होगी. वहीं, 15 मार्च से मध्य प्रदेश के इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभागों से गेहूं की खरीदी शुरू होगी, जबकि बाकी के सभी संभागों से 17 मार्च से गेहूं की खरीदी की शुरुआत की जाएगी.

इसके साथ ही सरकार ने गेहूं के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य और बोनस का भी ऐलान किया. इसके मुताबिक, इस बार गेहूं की खरीदी 2600 रुपये प्रति क्विंटल की दर से की जाएगी. इसमें न्यूनतम समर्थन मूल्य 2425 रुपये है और 175 रुपये प्रति क्विंटल राज्य सरकार की ओर से बोनस दिया जाएगा. यानी किसानों को इस बार एक क्विंटल के लिए सरकार की ओर से 2600 रुपये का भुगतान किया जाएगा. गौरतलब है कि इससे पहले 2023-24 में गेहूं ₹2150/क्विंटल की दर से खरीदा गया था. इस प्रकार इस वर्ष पहले के मुकाबले 25 प्रतिशत अधिक कीमत मिलेगी.

https://twitter.com/drmohanoffice51/status/1900195222166135048

सीएम यादव ने ट्वीट कर दी जानकारी
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने गेहूं के समर्थन मूल्य में इजाफे की जानकारी एक्स पर पोस्ट कर दी. उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा कि हम किसानों को बिचौलियों से बचाना चाहते हैं. 2023-24 में गेहूं ₹2150/क्विंटल खरीदा जाता था, जिसे सवा साल में ही बढ़ाकर हमने ₹2600/क्विंटल कर दिया गया है.

गेहूं उत्पादन का हब है मध्य प्रदेश
मध्य प्रदेश अब उच्च गुणवत्ता वाले गेहूं के उत्पादन के लिए जाना जाता है. मध्य प्रदेश के किसान तेजी के साथ वैज्ञानिक खेती को अपना रहे हैं. यहां देश में सबसे उच्च कोटि के गेहूं का उत्पादन किया जाता है. यह गेहूं स्वाद और गुणवत्ता के कारण मध्य प्रदेश के शर्बती गेहूं की महानगरों में सबसे ज्यादा मांग है. इस किस्म के गेहूं की कीमत भी सबसे ज्यादा होती है. इसे मुम्बई, पुणे, अहमदाबाद और हैदराबाद जैसे महानगरों की थोक और खुदरा बाजारों में गोल्डेन या प्रीमियम गेहूं के नाम से जाना जाता है. वहीं, उत्तर भारत के शहरों और दिल्ली की बाजार में इसे एमपी के गेहूं के नाम से भी जाना जाता है.

मुख्य खबरे

error: Content is protected !!